भारत में रसोई गैस (एलपीजी) सब्सिडी लाखों परिवारों के लिए एक महत्वपूर्ण आर्थिक सहायता रही है, जो रसोई में स्वच्छ और किफायती ईंधन सुनिश्चित करती है। लेकिन हाल ही में सरकार ने कुछ परिवारों को इस सब्सिडी से वंचित करने का फैसला किया है। यह खबर उन लोगों के लिए महत्वपूर्ण है जो अपने मासिक बजट में एलपीजी सब्सिडी पर निर्भर हैं। इस लेख में हम उन परिवारों के बारे में विस्तार से जानेंगे, जिन्हें अब यह सब्सिडी नहीं मिलेगी, इसके पीछे के कारण, और इसका उनके जीवन पर क्या प्रभाव पड़ेगा। आइए, इस महत्वपूर्ण विषय को गहराई से समझते हैं और जानते हैं कि यह बदलाव आपके लिए क्या मायने रखता है।
एलपीजी सब्सिडी क्या है?
एलपीजी सब्सिडी भारत सरकार की एक ऐसी योजना है, जिसके तहत कम आय वाले परिवारों को रसोई गैस सिलेंडर की कीमतों पर राहत दी जाती है। इस योजना के तहत सब्सिडी राशि सीधे लाभार्थी के बैंक खाते में डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (डीबीटी) के माध्यम से जमा की जाती है। यह योजना विशेष रूप से उन परिवारों के लिए शुरू की गई थी, जो पारंपरिक ईंधन जैसे लकड़ी, कोयला या गोबर के उपले पर निर्भर थे, जो स्वास्थ्य और पर्यावरण के लिए हानिकारक हैं।
लेकिन अब सरकार ने कुछ परिवारों को इस सब्सिडी से बाहर करने का निर्णय लिया है। यह फैसला उन परिवारों को प्रभावित करेगा, जो अब तक इस योजना का लाभ उठा रहे थे। आइए, जानते हैं कि कौन से परिवार इस सूची में शामिल हैं।
किन परिवारों को नहीं मिलेगी सब्सिडी?
- आय वर्ग: जिन परिवारों की वार्षिक आय (पति और पत्नी की संयुक्त आय) 10 लाख रुपये या उससे अधिक है, वे अब इस सब्सिडी के हकदार नहीं होंगे।
- एक से अधिक कनेक्शन धारक: यदि किसी परिवार के पास एक से अधिक एलपीजी कनेक्शन या पाइप्ड नेचुरल गैस (पीएनजी) कनेक्शन है, तो वे सब्सिडी से वंचित रहेंगे।
- स्वेच्छा से सब्सिडी छोड़ने वाले: ‘गिव इट अप’ अभियान के तहत जिन लोगों ने स्वेच्छा से सब्सिडी छोड़ दी थी, उन्हें अब सब्सिडी नहीं मिलेगी।
- गैर-आधार लिंक्ड खाते: जिनके एलपीजी कनेक्शन आधार कार्ड और बैंक खाते से लिंक नहीं हैं, वे भी सब्सिडी से बाहर हो सकते हैं।
सब्सिडी बंद होने का कारण
सरकार का यह फैसला कई कारणों से लिया गया है। पहला, यह सुनिश्चित करना कि सब्सिडी केवल जरूरतमंद परिवारों तक पहुंचे। उच्च आय वर्ग के लोग बाजार मूल्य पर सिलेंडर खरीद सकते हैं, इसलिए सरकार ने संसाधनों को अधिक जरूरतमंद लोगों की ओर निर्देशित करने का निर्णय लिया है। दूसरा, डुप्लिकेट कनेक्शनों को रोकने के लिए आधार लिंकिंग को अनिवार्य किया गया है। इससे सब्सिडी के दुरुपयोग को रोका जा सकेगा।
इसके अलावा, वैश्विक स्तर पर तेल की कीमतों में कमी के कारण सब्सिडी और गैर-सब्सिडी वाले सिलेंडरों की कीमतों में अंतर कम हो गया है। इसलिए, सरकार ने कुछ मामलों में सब्सिडी को पूरी तरह हटा दिया है।
क्या करें अगर सब्सिडी नहीं मिल रही?
- आधार लिंकिंग की जांच करें: सुनिश्चित करें कि आपका आधार कार्ड आपके एलपीजी कनेक्शन और बैंक खाते से जुड़ा हुआ है।
- गैस प्रदाता से संपर्क करें: अपने गैस प्रदाता की वेबसाइट पर जाकर या टोल-फ्री नंबर 1800-2333-555 पर कॉल करके अपनी सब्सिडी स्थिति की जांच करें।
- शिकायत दर्ज करें: यदि आपको लगता है कि आप पात्र हैं, लेकिन सब्सिडी नहीं मिल रही, तो अपने गैस वितरक या ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से शिकायत दर्ज करें।