जिसे भारतीय संस्कृति में संपत्ति और समृद्धि का प्रतीक माना जाता है, हमेशा से निवेशकों और आम लोगों के लिए आकर्षण का केंद्र रहा है। साल 2025 में सोने की कीमतों को लेकर उत्साह और उत्सुकता चरम पर है। विशेषज्ञों का मानना है कि दिसंबर 2025 तक 10 ग्राम सोने की कीमत ₹1,00,000 के पार जा सकती है। यह खबर उन लोगों के लिए रोमांचक है जो सोने में निवेश की योजना बना रहे हैं या शादी-विवाह के लिए आभूषण खरीदने का विचार कर रहे हैं। इस लेख में हम आपको दिसंबर 2025 तक सोने की कीमतों के अनुमान, प्रभावित करने वाले कारकों, और निवेश के अवसरों के बारे में विस्तार से बताएंगे। आइए, इस सुनहरे सफर में शामिल हों!
सोने की कीमतों में तेजी
2025 की शुरुआत से ही सोने की कीमतों में जबरदस्त उछाल देखा जा रहा है। अप्रैल 2025 में 10 ग्राम 24 कैरेट सोने की कीमत पहली बार ₹1,00,000 को पार कर गई थी, जिसने निवेशकों और उपभोक्ताओं को चौंका दिया। जुलाई 2025 तक, कीमतें ₹96,500 से ₹98,500 के बीच स्थिर हैं, लेकिन विशेषज्ञों का अनुमान है कि दिसंबर तक यह फिर से ₹1,00,000 के स्तर को छू सकती है। यह तेजी वैश्विक आर्थिक अनिश्चितताओं, भू-राजनीतिक तनावों, और मुद्रास्फीति के कारण है।
वैश्विक कारक
सोने की कीमतों पर वैश्विक कारकों का गहरा प्रभाव पड़ता है। 2025 में अमेरिकी टैरिफ नीतियों, ईरान-इजरायल जैसे क्षेत्रीय तनावों, और वैश्विक मंदी की आशंकाओं ने सोने को सुरक्षित निवेश (Safe Haven) के रूप में और आकर्षक बना दिया है। वैश्विक बाजार में सोने की हाजिर कीमत 3,473.03 डॉलर प्रति औंस के रिकॉर्ड स्तर तक पहुंच चुकी है। इसके अलावा, भारतीय रुपये और अमेरिकी डॉलर के बीच विनिमय दर में उतार-चढ़ाव भी कीमतों को प्रभावित कर रहा है।
कस्टम ड्यूटी और सरकारी नीतियां
2025 के केंद्रीय बजट में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा सोने पर कस्टम ड्यूटी बढ़ाने की संभावना जताई जा रही है। पिछले साल ड्यूटी को 15% से घटाकर 6% किया गया था, जिससे कीमतों में कमी आई थी। लेकिन, 2025 में ड्यूटी बढ़ने से आयात महंगा हो सकता है, जिसका सीधा असर सोने की कीमतों पर पड़ेगा। अगर ड्यूटी 10-12% तक बढ़ती है, तो दिसंबर तक कीमतें ₹1,00,000 से ₹1,10,000 के बीच हो सकती हैं।
निवेश के अवसर
सोने में निवेश को हमेशा से सुरक्षित माना गया है। 2024 में सोने ने 27-30% का रिटर्न दिया, जो निफ्टी 50 और एसएंडपी 500 जैसे शेयर बाजारों से कहीं अधिक है। 2025 में भी यह रुझान जारी रहने की उम्मीद है। विशेषज्ञों के अनुसार, सोना लंबे समय तक मूल्यवृद्धि का स्रोत बना रहेगा। डिजिटल गोल्ड, सॉवरेन गोल्ड बॉन्ड, और गोल्ड ईटीएफ जैसे विकल्प निवेशकों को कम लागत में सोने में निवेश का अवसर दे रहे हैं।
निवेशकों के लिए सुझाव
- सोने में निवेश करने से पहले कुछ बातों का ध्यान रखना जरूरी है:
- बाजार की निगरानी: कीमतों में उतार-चढ़ाव पर नजर रखें। दिसंबर से पहले कीमतों में कमी का इंतजार करना फायदेमंद हो सकता है।
- विविधता: डिजिटल गोल्ड, गोल्ड ईटीएफ, और सॉवरेन गोल्ड बॉन्ड जैसे विकल्पों में निवेश करें।
- हॉलमार्क की जांच: आभूषण खरीदते समय BIS हॉलमार्क की पुष्टि करें।
- लंबी अवधि का नजरिया: सोने में निवेश लंबे समय तक रिटर्न देता है, इसलिए धैर्य रखें। निवेशकों को सलाह दी जाती है कि वे प्रमाणित विशेषज्ञों से परामर्श लें।
उपभोक्ताओं के लिए सलाह
दिसंबर 2025 में शादी का सीजन चरम पर होगा, और सोने की कीमतें ₹1,00,000 के आसपास रहने की संभावना है। उपभोक्ताओं को सलाह है कि वे पहले से खरीदारी की योजना बनाएं। अगर कीमतें अभी ₹96,500-98,500 के बीच हैं, तो त्योहारी सीजन से पहले खरीदारी करना बेहतर हो सकता है। डिजिटल गोल्ड या गोल्ड लोन जैसे विकल्प भी लागत को संतुलित करने में मदद कर सकते हैं।